रजोनिवृत्ति महिलाओं के लिए एक प्राकृतिक प्रक्रिया है जो आमतौर पर 50 वर्ष की आयु के बाद शुरू होती है। इसके कारण होने वाली सबसे आम समस्याएं गर्म चमक और कमजोर हड्डियां हैं। शाकाहारी आहार आपको इस समस्या से बचने में मदद कर सकता है। जानें कि रजोनिवृत्ति के लक्षणों से राहत पाने के लिए आप अपने आहार में कौन से खाद्य पदार्थ शामिल कर सकते हैं।

नई दिल्ली, लाइफस्टाइल डेस्क। शाकाहारी आहार: मेनोपॉज के दौरान महिलाओं को कई शारीरिक बदलावों के साथ-साथ मानसिक बदलावों से भी गुजरना पड़ता है। मेनोपॉज के दौरान एस्ट्रोजन हार्मोन कम हो जाता है जिससे पीरियड्स आना बंद हो जाते हैं। अगर आपको एक साल तक पीरियड्स नहीं आते हैं तो यह माना जा सकता है कि आपका रजोनिवृत्ति हो गया है। यह आमतौर पर 50 साल की उम्र के आसपास शुरू होता है, लेकिन कभी-कभी यह थोड़ा पहले या बाद में भी हो सकता है।

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हालांकि इसके लक्षण पहले से दिखने शुरू हो जाते हैं। इस फेज के दौरान अपनी डाइट का ख्याल रखना बेहद जरूरी है। वेजिटेरियन डाइट मेनोपॉज के लक्षणों से आराम दिलाने में मदद कर सकता है। आइए जानते हैं क्या है इसके लक्षण और किन वेजिटेरियन फूड्स से मिल सकती है मदद।

मेनोपॉज के लक्षण

  • अनियमित पीरियड्स
  • वजाइनल ड्राइनेस
  • हॉट फ्लैश
  • मूड स्विंग्स
  • ड्राई स्किन
  • ब्रेस्ट के साइज में बदलाव
  • इनसोमनिया
  • यौन संबंधी इच्छाओं में बदलाव
  • वजन बढ़ना

कौन से वेजिटेरियन मील्स अपनाएं

हरी सब्जियां पोषक तत्वों से भरपूर होती हैं। ब्रॉकोली, पत्ता गोभी, केल, पालक जैसी सब्जियों को अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं। ये आपका वजन कम करने के साथ-साथ आपको सभी जरूरी तत्व भी देते हैं।

मेनोपॉज के दौरान हड्डियों की डेन्सिटी कम होने लगती हैं। इसका कारण यह होता है कि एस्ट्रोजेन की कमी से हड्डियों की डेन्सिटी कम हो जाती है। इसे ऑस्टियोपोरोसिस कहते हैं, इसमें हड्डियां कमजोर हो जाती हैं। इसलिए डाइट में कैल्शियम की कमी न होने दें। कैल्शियम के लिए आप अपनी डाइट में दूध, दही, पनीर आदि को अपना सकते हैं।

होल ग्रेन में मैग्नीशियम, विटामिन-बी, फाइबर और प्रोटीन होते हैं, जो सेहत के लिए काफी फायदेमंद होते हैं। यह आपकी भूख को काफी देर तक संतुष्ट रखता है, जिससे मेनोपॉज के दौरान बढ़ने वाले वजन को काबू करने में मदद मिल सकती है।

बादाम

बादाम मैग्नीशियम, प्रोटीन और फाइबर से भरपूर होता है। यह आपके वजन और हड्डियों दोनों को ही स्वस्थ रखता है। ऑस्टियोपोरोसिस के खतरे को कम करने में मैग्नीशियम काफी फायदेमंद होता है।

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सोया प्रोडक्ट्स कैल्शियम से भरपूर होते हैं। इसके साथ-साथ ये हॉट फ्लैश से बचाव में भी फायदेमंद है। सोया मिल्क, सोयाबीन्स, सोया नट्स जैसे प्रोडक्ट्स को आप अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं।

Disclaimer: लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।

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